कौन बनेगा नन्हा कलाम ?

सपने वो नहीं, जो आप सोते समय देखते हैं, सपने वो हैं, जो आप को सोने नहीं देते |

माध्यमिक शिक्षा एवं बेशिक शिक्षा विभाग जालौन तथा जिला विज्ञान क्लब जालौन द्वारा मिलकर जनपद के छात्र /छात्राओं मैं वैज्ञानिक सोच एवं विज्ञान के क्षेत्र मैं अभिनव प्रयोग ” कौन बनेगा नन्हा कलाम ” योजना प्रारम्भ की जा रही हैं | मुझे आशा ही नहीं अपितु विश्वाश हैं की यह योजना निश्चित रूप से जनपद के छात्र/छात्राओं को विज्ञान के प्रति जिज्ञासु एवं खोजपरक बनने में सहायक सिद्ध होगी |

परिकल्पना और कार्य योजना

कौन बनेगा नन्हा कलाम 2018 ?

परिकल्पना – जनपद जालौन में अध्ययनरत कक्षा ६ से १० तक के छात्र /छात्राओं को विज्ञान आधारित गतिविधियाँ कराना, उनका सतत मूलयांकन करना,प्रतिभागी बच्चो में से श्रेष्ठतम छात्र की पहचान करके उसे जनपद का नन्हा कलाम -2018″ घोषित करना

कार्य योजना – यह योजना एक मिशन के रूप में किर्यान्वित की जायेगी | योजना के अन्तर्गत एक निश्चित समयान्तराल पर विध्यालय,तहसील एवं जनपद स्तर पर छात्र /छात्राओं के मध्य विज्ञान क्विज, मॉडल प्रदर्शन, निबन्ध,वाद -विवाद,भाषण आदि प्रतियोगिताओ एवं क्रिया कलापों का आयोजन करना,वर्ष के अन्त में सबसे अधिक प्रतिभाशाली छात्र की पहचान कर उसे नन्हा कलाम की उपाधि देना उस घोषित नन्हा कलाम द्वारा प्रस्तुत किया गया अभिनव प्रयोग /अविष्कार को राज्य स्तर, राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना साभिमालित है |

उद्देश्य – इस योजना ”कौन बनेगा नन्हा कलाम ” का उदेशय जनपद के बच्चो में विज्ञान जनित क्रिया कलापो के प्रति अभिरुचि उत्पन करना, उनका दृष्टिकोण वैज्ञानिक बनाने का प्रयास करना, बच्चे के अन्दर छिपी वैज्ञानिक सम्भावनाओं को विकसित करना जिससे:-

  • =) उनमे जिज्ञासा उत्पन्न हो सके |
  • =) उनमे आत्मविश्वास का विकास हो सके |
  • =) उनमे पहल करने की क्षमता विकसित हो सके |
  • =) उनमे प्रश्न पूछने का साहस पैदा हो सके |
  • =) वो जीवन की समस्याओ को वैज्ञानिक ढंग से समझ सके तथा उनका वैज्ञानिक निदान कर सके |
  • =) वे सामाजिक कुरीतियों को समाप्त करने में सहायक बन सके |
  • =) उनमे सौन्दर्य, कला व सच्चाई के प्रति आकर्षण उत्पन हो सके |
  • =) वे देश के अच्छे नागरिक बन सके |

विषय वस्तु

“नन्हा कलाम” के अंतर्गत बच्चों द्वारा प्रस्तुत मॉडल व प्रोजेक्ट नवाचार युक्त एवं व्यावहारिक होंगे यह अधोलिखित विषयों पर आधारित रहेंगे

दैनिक जीवन में विज्ञान एवं प्रौधौगिक : –

  • =) इसके अंतर्गत यातायात,चिकित्सा, कृषि, संचार, मनोरंजन, शिक्षा, कंप्यूटर आदि शेत्र के मॉडल एवं प्रोजेक्ट हो सकते हैं |
  • =) उर्जा के वैकल्पिक स्त्रोत, विकास एवं उपयोग | मानव जीवन के लिए उर्जा का महत्व एवं उसका विवेक पूर्ण उपयोग | सौर-उर्जा पवन उर्जा एवं बायोगैस का अभिनव प्रयोग एवं ऊर्जा दक्षता

भोजन एवं स्वास्थ्य : इपोषण एवं पोषक तत्व, स्वच्छता एवं उसका महत्त्व |

पर्यावरण एवं प्रदूषण :प्राकृतिक संतुलन, प्रदूषण(जल, वायु, ध्वनि आदि) रोकने के अभिनव प्रयोग/उपाय, ग्लोबल वार्मिंग) इसके अतिरिक्त बच्चे स्थानीय उधोग, कृषि, व्यापार, उत्पादन, कला-कौशल, स्थानीय समस्या निदान हेतु नवाचार युक्त कोई मॉडल, प्रोजेक्ट अथवा प्रयोग प्रस्तुत कर सकते हैं |

“नन्हा कलाम” क्यों?

देश सदा देश के नागरिको की निजी सफलता से ऊँचा होता है | कलाम की वैज्ञानिक सोच का सीधा अर्थ भी यही था | वे चाहते थे कि देश के हर बच्चे के अन्दर छिपी हुई अनन्त संभावनाओं को विकसित करने की एक अन्तदृष्टि उत्पन्न की जा सके |

इस प्रकार जनपद जालौन में संचालित “कौन बनेगा नन्हा कलाम” एक अभियान प्रेरित कार्यक्रम के रूप में कार्य करेगा | भले ही यह देखने में सीमित सा प्रतीत हो परन्तु इसका उद्देश्य अत्यन्त बृहद होगा | यह इस इच्छाशक्ति के साथ लागू होगा की प्रतिस्पर्धा और आविष्कारक मनोभावों का जन्म किशोरवय के बच्चों मे जितनी जल्दी हो सके, उतना अच्छा है | ताकि स्वास्थ्या-रक्षा, चिकित्सा, ऊर्जा-संरक्षण, पर्यावरण-उन्मूलन, स्वच्छता-मिशन, कौशल-विकास, ई-प्रशासन के क्षेत्र में देश से जुड़ा जनपद का भविष्य कहीं पिछड न जाय |

यहाँ के किसान अपने उत्पादों की गुणवत्ता में सुधार कर विश्व-बाज़ार की स्पर्धा में अपने को मजबूती से खड़ाकर बेचारगी गरीबी के अभिशाप से बच निकलें और खुशहाल जीवन जी सकें तभी “नन्हा कलाम” का सांकेतिक संकल्प सिद्ध हो सकेगा |

कार्य-योजना का क्रियान्वयन

कार्य-योजना के क्रियान्वयन हेतु अधोलिखित चार चरण प्रस्तावित हैं |

प्रथम चरण

विधालय स्तर

प्रथम चरण के अंतर्गत जनवरी माह में छात्रों का पंजीकरण के दो वर्गों में, जूनियर वर्ग-कक्षा 6 से 8 एवं सीनियर वर्ग-कक्षा 9 व 10 में अलग-अलग किया जाएगा | दोनों वर्गों की विज्ञान संदर्भित लिखित बहुविकल्पीय/लघुउतरिये प्रश्नों की एक प्रतियोगिता का आयोजन अप्रैल माह में होगा | जिसमें प्रथम एवं द्वितीय स्थान प्राप्त ( 2 जूनियर एवं 2 सीनियर ) छात्रों को तहसील स्तर पर प्रतिभाग कराना होगा |

द्वितीय चरण

तहसील स्तर

प्रतिभागी छात्र/छात्राओं को दिये गये विज्ञान आधारित विषय पर निबंध/प्रशनोतरी/भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया जायेगा | जिसमें जूनियर व सीनियर वर्ग से प्रथम, द्वितीय तथा तृतीय स्थान प्राप्त छात्र/छात्राओं को जनपद स्तर पर प्रतिभाग कराना सम्मिलित है | इसका क्रियान्वयन अगस्त माह में सुनिश्चित कर लिया जाएगा |

तृतीय चरण

जनपद स्तर

तहसील स्तर पर चयनित सभी छात्र/छात्राओं को जनपद स्तर पर प्रतिभाग करने हेतु एक कार्यकारी मॉडल/शोध परख मॉडल प्रस्तुत करना होगा तथा प्रस्तुत मॉडल/प्रोजेक्ट को बेहतर बनाने के लिए प्रतिभागी छात्रों की कार्यशाला आयोजित की जाएगी जो अक्टूबर माह में सम्पादित होगी |


चतुर्थ चरण

‘नन्हा कलाम’ का चयन

यह योजना का अंतिम चरण होगा | इस चरण के अन्तर्गत तृतीय चरण के ही सभी प्रतिभागी छात्र-छात्राओं द्वारा विकसित किये गये मॉडल/प्रोजेक्ट का प्रदर्शन करना, विशेषज्ञो द्वारा उनकामूल्यांकन करना तथा निर्णायक मंडल द्वारा “नन्हा कलाम” का चयन करना है | यह कार्य वर्ष के अंतिम माह दिसम्बर में पूर्ण कर लिया जाएगा |

योजना समिति

नोडल अधिकारी

अनिल कुमार गुप्ता

विज्ञानं अध्यापक, श्री महात्मा गांधी इ0 का0 कुदारी

सम्पादक

अर्चना त्रिपाठी

प्रधानाचार्या राजकीय हाई स्कूल, छौंक

सम्पादक

प्रेमचंद्र कुमार

विज्ञानं अध्यापक, राजकीय इण्टर कॉलेज, डकोर

संकलनकर्ता

अनुराग दिक्षित

सहायक लेखाकार, आर एम एस ए

संकलनकर्ता

मधुप अग्रवाल

कंप्यूटर शिक्षक, राज। बा इ का उरई

जिला समन्वयक

विनय कुमार गुप्ता

जिला विज्ञानं कलब, जालौन

तहसील समनवयक, कालपी

कुलदीप गुप्ता

अध्यापक, राजकीय इ0 का0 कदौरा

तहसील समनवयक, उरई

मनोज सचान

विज्ञानं अध्यापक, राजकीय इ0 का0 डकोर

तहसील समनवयक, जालौन

अनिल पाल

विज्ञानं अध्यापक, बजरंग इंटर कॉलेज, उरगांव

तहसील समनवयक ,कालपी

अतुल दिक्षित

विज्ञानं अध्यापक, एम.एस.बी.इ.का. कालपी

तहसील समनवयक, उरई

सुमेन्द्र पाण्डेय

विज्ञानं अध्यापक, आचार्य नरेंद्र देव इ0का0 उरई

तहसील समनवयक, जालौन

शैलेन्द्र कुमार

जनता सनातन धर्म इ0का0 कुठौद

तहसील समनवयक, कोंच

नरेन्द्र निरंजन

विज्ञानं अध्यापक गणेश उ0मा0वि चमरसेना

तहसील सम्न्वयक,माधौगढ़

शैलेन्द्र कुमार निरंजन

जिला परिषद् इंटर कॉलेज,ऊमरी

तहसील समनवयक, कोंच

अमित चौधरी

विज्ञानं अध्यापक ,जनता इ0का0 अकनिवा

तहसील सम्न्वयक,माधौगढ़

नरेश चन्द्र श्रीवास

लहरी बाबा इंटर कॉलेज, बावली

संयोजक

राजेश कुमार शाही

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी,जालौन स्थान उरई

सह-संयोजक

सचिन दिक्षित

वित्त एव लेखाधिकारी ( शिक्षा ),जालौन स्थान उरई

अध्यक्ष

डॉ मन्नान अख्तर

जिलाधिकारी,जालौन स्थान उरई

उपाध्यक्ष

एस पी सिंह

मुख्य विकास अधिकारी,जालौन स्थान उरई

निर्देशक

भगवत पटेल

जिला विधालय निरिक्षक,जालौन स्थान उरई

गुरु के मुख से …. कलाम के लिए

तेरी उंगलियों ने निथारा था दर्द मेरे बालों से और भरी थी मुझमें अपने विश्वास की शक्ति निर्भय होने की जीतने की कयामत के दिन मिलेगा तुझसे फिर तेरा कलाम माँ तुझे सलाम !(ए. पी. जे. अब्दु कलाम )

एक अवसर पर हमने उन्हें उनसे यह प्रशन किया कि-डॉ0 कलाम आप सदेव इतने स्फूर्तिवान ,इतने उत्शाहधार्मी कैसे बने रहते है ? लिफ्ट के द्वारा ऊपर से नीचे के तल में उतरने हुए , समय के उस छोटे से अंश में कमाल साहब ने अपना उत्तर दिया- ‘मैं हर पल मात्र एक ही बात का चिन्तन करता रहता हूँ , कि मैं उसे ऐसा क्या दे सकता हूँ , जिससे वह प्रशन्ता का अनुभव करे या कि मैं एक साधु से मिलु , मेरे अंदर से यही भाव उठता हैं की में इन्हे क्या दे सकता हूँ ? यही जीवन दृष्टि मुझे युवा और ऊर्जावान बनाये रखती है | ‘आज जब कि देकर, बदले में कुछ प्राप्त करने का भाव एक सिद्धांत जैसा हो गया है , डॉ 0 कलाम की यह बात समाज का पूरा चिन्तन-परिदृश्य बदल सकती